छत्तीसगढ़ की विष्णुदेव साय सरकार ने प्रदेश के अन्नदाताओं को होली का बड़ा तोहफा दिया है। बुधवार को मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित मंत्रिपरिषद की अहम बैठक में निर्णय लिया गया कि राज्य के किसानों को धान के समर्थन मूल्य के अंतर की राशि का भुगतान होली के त्यौहार से पहले एकमुश्त कर दिया जाएगा।
1. किसानों के खातों में आएंगे ₹10,000 करोड़
कैबिनेट ने निर्णय लिया है कि खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में धान बेचने वाले 25 लाख 24 हजार 339 किसानों को ₹3100 प्रति क्विंटल के मान से अंतर की राशि दी जाएगी। इस योजना के तहत सरकार लगभग 10,000 करोड़ रूपए का भुगतान करेगी।
बता दें कि छत्तीसगढ़ सरकार प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान की खरीदी कर रही है, जो पूरे देश में सर्वाधिक है। पिछले दो सालों में किसानों को 25 हजार करोड़ का भुगतान किया जा चुका है, जो इस किश्त के बाद बढ़कर 35 हजार करोड़ रूपए हो जाएगा।
2. बजट 2026-27 और विधानसभा सत्र की तैयारी
बैठक में आगामी विधानसभा सत्र को लेकर भी महत्वपूर्ण प्रशासनिक निर्णय लिए गए:
- राज्यपाल का अभिभाषण: छत्तीसगढ़ की षष्ठम् विधानसभा के अष्टम् सत्र (फरवरी-मार्च 2026) के लिए माननीय राज्यपाल के अभिभाषण के प्रारूप का अनुमोदन किया गया।
- विनियोग विधेयक-2026: बजट अनुमान वर्ष 2026-27 को विधानसभा में पेश करने के लिए ‘छत्तीसगढ़ विनियोग विधेयक-2026’ के प्रारूप को कैबिनेट ने हरी झंडी दे दी है।
3. रिकॉर्ड धान खरीदी का लक्ष्य हासिल
राज्य सरकार ने इस वर्ष 141.04 लाख मीट्रिक टन धान की रिकॉर्ड खरीदी की है। ‘मोदी की गारंटी’ को पूरा करते हुए मुख्यमंत्री साय ने स्पष्ट किया है कि सरकार किसानों की आर्थिक समृद्धि के लिए प्रतिबद्ध है और त्यौहार से पहले राशि मिलने से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को बड़ी मजबूती मिलेगी।
