रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बुधवार को मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित कार्यक्रम में नगर तथा ग्राम निवेश विभाग के 21 नवचयनित सहायक संचालकों (योजना) को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। राज्य निर्माण के 25 वर्षों में पहली बार इस विभाग में एक साथ इतनी बड़ी संख्या में सहायक संचालकों की नियुक्ति हुई है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि शहरों का विकास वर्तमान के साथ-साथ आने वाली पीढ़ियों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर किया जाना चाहिए और अब भविष्य के छत्तीसगढ़ के शहरों को आकार देने की बड़ी जिम्मेदारी इन युवा अधिकारियों के कंधों पर है।
25 वर्षों में 17 नियुक्तियां, अब एक साथ 21 युवा अधिकारी
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य गठन के बाद से पिछले 25 वर्षों के दौरान विभाग में कुल 17 सहायक संचालकों की नियुक्ति हुई थी। अब एक साथ 21 योग्य युवा अधिकारियों की पदस्थापना से विभाग की मानव संसाधन क्षमता मजबूत होगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में तेजी से बढ़ रहे शहरीकरण, गांवों से शहरों की ओर विस्तार और नई बसाहटों को देखते हुए आवासीय, व्यावसायिक, परिवहन व नागरिक सुविधाओं के लिए दीर्घकालीन और वैज्ञानिक योजना बनाना बेहद जरूरी है।
‘टाउन प्लानिंग केवल नक्शा बनाना नहीं, जीवन की गुणवत्ता से जुड़ा कार्य’
मुख्यमंत्री ने नवचयनित अधिकारियों से कहा कि टाउन प्लानिंग का दायरा सिर्फ नक्शे पास करने या लैंड-यूज तय करने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका सीधा असर नागरिकों के जीवन स्तर पर पड़ता है। उन्होंने अधिकारियों को पूरी ईमानदारी, निष्ठा, पारदर्शिता और संवेदनशीलता के साथ कर्तव्यों का पालन करने तथा जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की नसीहत दी, ताकि आम नागरिकों को शासकीय कार्यों के लिए भटकना न पड़े।
‘छत्तीसगढ़ अंजोर: विजन 2047’ और रोजगार के अवसर
सीएम साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2047 तक ‘विकसित भारत’ के संकल्प के तहत प्रदेश सरकार ने ‘छत्तीसगढ़ अंजोर: विजन 2047’ का रोडमैप तैयार किया है। सरकारी भर्तियों का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया कि:
- पिछले ढाई वर्षों में विभिन्न विभागों में 15 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नियुक्तियां दी जा चुकी हैं।
- पुलिस विभाग में 7 हजार और शिक्षा विभाग में 3 हजार से अधिक पदों पर प्रक्रिया जारी है।
- बिजली विभाग में 1,200 से अधिक नियुक्तियां पूरी हो चुकी हैं।
- नई औद्योगिक नीति में स्थानीय युवाओं के लिए निजी क्षेत्रों में भी रोजगार सृजन को प्राथमिकता दी जा रही है।
पारदर्शी भर्ती प्रणाली से मिला अवसर: ओ.पी. चौधरी
वित्त, आवास एवं पर्यावरण मंत्री ओ.पी. चौधरी ने कहा कि आधुनिक और वैज्ञानिक टाउन प्लानिंग समय की मांग है। उन्होंने कहा कि पूर्व में विभाग में एक बार में केवल तीन या चार नियुक्तियां ही हो पाती थीं, लेकिन इस बार 21 अधिकारियों के जुड़ने से विभाग की कार्यक्षमता में क्रांतिकारी बदलाव आएगा। उन्होंने अधिकारियों से आग्रह किया कि जिस निष्पक्षता और पारदर्शी व्यवस्था से उन्हें यह नौकरी मिली है, उसी पारदर्शिता और सरलता का लाभ वे दफ्तर आने वाले आम नागरिकों तक पहुंचाएं।
वन मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि नई पीढ़ी के अधिकारियों की ऊर्जा, तकनीकी ज्ञान और आधुनिक दृष्टिकोण से प्रदेश के सुनियोजित शहरी विकास को नई गति मिलेगी। कार्यक्रम में विभागीय सचिव अंकित आनंद, आयुक्त अवनीश शरण सहित वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी और नवचयनित अधिकारियों के परिजन उपस्थित रहे।
