नारायणपुर | 25 अप्रैल 2026 छत्तीसगढ़ के नारायणपुर जिले में सुशासन और विकास की एक ऐतिहासिक तस्वीर सामने आई है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में जिला प्रशासन की टीम ने ओरछा विकासखंड के अत्यंत दुर्गम और सुदूर गांव लंका पहुंचकर दो दिवसीय विशेष शिविर का आयोजन किया। यह आजादी के बाद पहला मौका है जब कोई जिला स्तरीय प्रशासनिक दल इस नक्सल प्रभावित क्षेत्र के अंतिम छोर तक पहुंचा है।
दुर्गम बाधाओं को पार कर ग्रामीणों के द्वार पहुंचा शासन
जिला मुख्यालय से लगभग 130 किलोमीटर दूर, इन्द्रावती नदी के किनारे बसा लंका गांव अपनी भौगोलिक परिस्थितियों के कारण लंबे समय तक कटा रहा। प्रशासन की टीम ने नदी-नालों और ऊंचे पहाड़ों के कठिन रास्तों को पार कर ग्रामीणों के बीच दस्तक दी। इस पहल का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों की समस्याओं को मौके पर ही सुनना और उनका त्वरित समाधान करना था।
‘सुशासन एक्सप्रेस’ बनी आकर्षण का केंद्र
शिविर में सबसे अधिक चर्चा ‘सुशासन एक्सप्रेस’ की रही। यह वाई-फाई युक्त मोबाइल सेवा वाहन ग्रामीणों के लिए वरदान साबित हुआ।
- त्वरित डिजिटल सेवाएं: इस वाहन के माध्यम से आधार कार्ड, जाति, निवास और आय प्रमाण पत्र सहित 27 प्रकार के दस्तावेज मौके पर ही तैयार किए गए।
- रिकॉर्ड समाधान: सुशासन एक्सप्रेस के माध्यम से अब तक कुल 17,520 आवेदनों का निपटारा कर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया गया है।
आवेदनों का मौके पर निपटारा
दो दिवसीय शिविर के दौरान लंका और आसपास के पांच गांवों के ग्रामीणों में भारी उत्साह देखा गया।
- कुल 310 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 242 का तत्काल निराकरण किया गया।
- सबसे अधिक आवेदन प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (179), मनरेगा जॉब कार्ड (34), और राशन कार्ड (25) से संबंधित थे।
- स्वास्थ्य विभाग द्वारा भी शिविर में 18 मामलों का मौके पर समाधान किया गया।
“नियद नेल्लानार योजना के तहत आयोजित ये शिविर अबूझमाड़ जैसे क्षेत्रों में शासन की मजबूत उपस्थिति का प्रमाण हैं। इससे न केवल विकास की मुख्यधारा से जुड़ने का सपना साकार हो रहा है, बल्कि ग्रामीणों का प्रशासन पर विश्वास भी बढ़ा है।”
— नम्रता जैन, कलेक्टर (नारायणपुर)
जारी रहेगा सुशासन का सफर
प्रशासन ने घोषणा की है कि सुशासन का यह कारवां रुकने वाला नहीं है। आगामी 29 और 30 अप्रैल को इसी तरह का शिविर आदनार में आयोजित किया जाएगा, जिससे मलमेटा, कोंजे और बोडुम जैसे गांवों के ग्रामीण लाभान्वित होंगे।
